2 November 2009

रिलाइंस मुचुअल फंड ने त्रैमासिक इंटरवल फंड की घोषणा कि- नवम्बर 02, 2009

Hindi News About Reliance MF Research हिन्दी अनुवाद:
रिलाइंस मुचुअल फंड ने लाभांश के अधीन फुटकर और संस्थागत योजना में रिलाइंस इंटरवल फंड की त्रैमासिक इंटरवल फंड की श्रृंखला II की घोषणा कि। लाभांश के लिए रिकोड समय को 6 नवम्बर 2009 को सुनिश्चित किया जाएगा।

इस फंड हाउस ने यह तय किया है की वितरित 100% सरप्लस वितरण के लिए लाभांश में रिकोड समय पर फेस मुल्ये 10 रूपये प्रति यूनिट के लिए दोनों योजनाओं ने जैसे फुटकर और संस्थागत योजना को उपस्थित किया गया। इस नेव प्रणाली में 29 अक्टूबर 2009 को फुटकर योजना के अधीन मुल्ये 10.1262 रूपये प्रति यूनिट और संस्थागत योजना के अधीन मुल्ये 10.1316 रूपये प्रति यूनिट था।

रिलाइंस इंटरवल फंड की त्रैमासिक इंटरवल फंड, एक उधार उन्मुख इंटरवल की प्रणाली है। इसके साथ इस प्रणाली का उद्द्येशय अवलोकन कर उत्तपन नियमित प्रतिलाभ और विकास के लिए पूंजी द्बारा नीवेश में एक विविध संविभाग के लिए केंद्रीय और राज्य सरकारी सुरक्षा और अन्य निश्चित आय/उधार सुरक्षा के साथ अक्सर अव्धिपूर्ण पद में समय रुपरेखा की योजना को उत्तपन करना है इसके साथ इस प्रणाली का उद्द्येशय ब्याज दर में आए वाष्पशीलता को भी कम करना है।

English Translation:

Reliance Mutual Fund has declared dividend under retail and institutional plan in Reliance Interval Fund – Quarterly Interval Fund -Series II. The record date for the dividend is 6 November 2009.

The fund house has decided to distribute 100% of distributable surplus as dividend on the record date on the face value of Rs 10 per unit for both plans viz. retail and institutional plans. The NAV for retail plan was at Rs 10.1262 per unit and Rs 10.1316 per unit for institutional plan as on 29 October 2009.

Reliance Interval Fund – Quarterly Interval Fund, is a debt oriented interval scheme. The investment objective of the scheme is to seek to generate regular returns and growth of capital by investing in a diversified portfolio of Central and state government securities and other fixed income/ debt securities normally maturing in line with the time profile of the plan with the objective of limiting interest rate volatility.

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